BSE Odisha Class 9 Hindi Book Chapter 9 Question Answer | Odisha Board Class 9 Hindi Book Chapter 9 Solutions | Class 9 Hindi Chapter 9 Question Answer Odia Medium

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मेरा नया बचपन

प्रश्न और अभ्यास

1. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दो-तीन वाक्यों में दीजिए:

(क) कवयित्री ने बचपन को ‘अतुलित आनंद देनेवाले’ क्यों कहा है?

उत्तर: कवयित्री ने बचपन को अतुलित आनन्द देनेवाले इसलिए कहा है कि बचपन की सरल, मधुर स्मृतियाँ आनन्द का अतुलित भंड़ार होता है। बाल्यावस्था में अचिन्ता भोजन और खेलकूद के स्वाधीन विचरण अविस्मरणीय है।

(ख) बचपन के बारे में कवयित्री ने क्या वर्णन किया है?

उत्तर: बचपन में कवयित्री की बिटिया बात-बात पर रोती हैं। किसी नई चीज को पाने की इच्छा उसमें जगती है। यदि वह चीज उस को न मिलें तो वह मचलने लगती है। उस चीज को पाने के लिए बह जिद्द करने लगती है। बच्ची रो-रोकर बड़े-बड़े आँसू टपकाना शुरु करती है। ये आँसू उस समय ऐसे लगते हैं मानो मोतियों की जयमाला कवयित्री को पहना रहे थे ।

 

(ग) बच्ची के रोने पर माँ ने उसे कैसे चुप कराया?

उत्तर: बच्ची रोते समय माँ जो काम कर रही थी उसको छोड़कर बच्ची को उठा लिया । झाड़ पोंछकर चुमा देकर लोरी गाकर गिले गालो को सुखा दिया ।

(घ) कवयित्री बचपन को क्यों बार-बार बुलाती हैं ?

उत्तर: कवयित्री के लिए बचपन की याद अनमोल है। वे अपने मन का दुःख, पीड़ा, कष्ट, बेचैनी को मिटाने के लिए बचपन को एक बार बुलाती है। बचपन की शांति पाने के लिए कवयित्री अपने बचपन को बार-बार बुलाती है।

(ङ) बचपन को बुलाते समय क्या हुआ?

उत्तर: बचपन को बुलाते समय कवि खुद बच्ची बन जाती है। बचपन की अठखेलियाँ और शरारत की झलक देखी। उसके साथ खेलती, खाती और तुतलाती है।

2. निम्नलिखित प्रश्नों का उत्तर एक या दो वाक्यों में दीजिए।

(क) ‘मेरा नया बचपन’ कविता किसने लिखी है?

उत्तर: ‘मेरा नया बचपन’ कविता सुभद्रा कुमारी चौहान ने लिखी है।

(ख) कवयित्री को बार-बार किसकी याद आती है?

उत्तर: कवयित्री को बार-बार अपने बचपन की याद आती है।

(ग) किस समय का अतुलित आनन्द भूला नहीं जा सकता है?

उत्तर: बचपन का अतुलित आनन्द भूला नहीं जा सकता है।

(घ) कबयित्री को बचपन में किस प्रकार की जयमाला पहनाते थे?

उत्तर: कवयित्री को बचपन में मोती से आँसू की जयमाला पहनाते थे ।

(ङ) माँ ने गीले गालों को कैसे सुखा दिया?

उत्तर: माँ ने गीलेगालों को चूम-चूमकर सुखा दिया ।

(च) कवयित्री किसलिए बचपन को फिर एक बार बुलाती है?

उत्तर: कवयित्री निर्मल शान्ति और मन के बिषाद को मिटाने के लिए बचपन को फिर एक बार बुलाती है।

(छ) कवयित्री किसलिए शंका प्रकट करती है?

उत्तर: कवयित्री इसलिए शंका प्रकट करती है कि क्या उनका अपना बीता हुआ बचपन एक बार फिर वापस आकर उनके दुःखी जीवन में पहले सी शांति भर सकता |

(ज) कवयित्री की छोटी-सी कुटिया कैसे नन्दन वन-सी फूल उठी?

उत्तर: कवयित्री की छोटी-सी कुटिया अपनी वाल्यावस्था की नटखट से नन्दन वन-सी फूल उठी।

(झ) कवयित्री की बिटिया क्यों माँ के पास आई थी?

उत्तर: कवयित्री की बिटिया अपने दोनों हाथों में मिट्टी भरकर माँ को खिलाने के लिए पास आई थी।

(ञ) कवयित्री ने अपना खोया बचपन किस प्रकार पाया?

उत्तर: अपनी बिटिया के बचपन के रूप में कवयित्री ने अपना खोया बचपन पाया ।

(ट) कवयित्री किसे बरसों से खोजती थी?

उत्तर: अपने बचपन को कवयित्री बरसों से खोजती थी।

3. निम्नलिखित प्रश्नों के सही विकल्प चुनकर उत्तर दीजिए:
(क) कवयित्री को बार-बार किसकी याद आती है?
(i) बुढ़ापा
(ii) बचपन
(iii) शैशव
(iv) यौवन
उत्तर:
(ii) बचपन

(ख) बचपन का कौन-सा आनंद भूला नहीं जा सकता?
(i) सुख
(ii) अप्रतिम
(iii) अतुलित
(iv) असीम
उत्तर:
(iii) अतुलित

(ग) जब बच्ची रोती थी तब कौन काम छोड़कर आ जाती थी?
(i) माँ
(ii) बहन
(iii) नानी
(iv) आया
उत्तर:
(i) माँ,

(घ) बिटिया क्या खाकर आई थी?
(i) रोटी
(ii) पान
(iii) मिट्टी
(iv) मिठाई
उत्तर:
(iii) मिट्टी

(ङ) बचपन क्या बनकर कवयित्री को फिर से प्राप्त हुआ?
(i) बिल्ली
(ii) कुत्ता
(iii) बेटा
(iv) बेटी
उत्तर:
(iv) बेटी

1. इन विशेषण तथा संज्ञा शब्दों को जोड़िए।

विशेषण संज्ञा
मधुर विश्रान्ति
व्याकुल आँसू
मोती-से हृदय
प्राकृत स्मृति
मस्त कुटिया
मंजुल खुशी
छोटी-सी आनन्द
अतुलित मूर्ति
उत्तर:

विशेषण संज्ञा
मधुर स्मृति
व्याकुल हृदय
मोती-से आँसू
प्राकृत विश्रान्ति
मस्त खुशी
मंजुल मूर्त्ति
छोटी-सी कुटिया
अतुलित आनन्द

2. निम्नलिखित शब्दों के विलोम शब्द लिखिए।

खुशी, हँसना, मधुर, जीवन, निश्चित, निर्भय, बड़े, सूखा, भयभीत, कुटिया, नव, प्यारा, पाप, निष्पाप, सरलता, बचपन, निर्मल, अपना, पाया, हर्ष।
उत्तर:
खुशी – दु:खी

हँसना – रोना

मधुर – कटु

जीवन – मरण

निश्चित – अनिश्चित

निर्भय – भय

बड़े – छोटे

सूखा – गीला

भयभीत – निर्भीक

कुटिया – महल

नव – पुराना

प्यारा – घृणा

पाप – पुण्य

निष्पाप – कलंक

सरलता – जटिलता

बचपन – बुढ़ापा

निर्मल – मैल

अपना – पराया

पाया – खोया

हर्ष – विषाद

3. निम्नलिखित शब्दों के पर्यायवाची शब्द लिखिए।

निर्भय, स्वच्छन्द, जय, माँ, व्यथा, फूल, कुटिया, वन
उत्तर:
निर्भय – निडर

जय – विजय

व्यथा – दु:ख

कुटिया – कुटीर

स्वच्छन्द – स्वाधीन

माँ – माता

फूल – पुष्प, सुमन

वन – जंगल/कानन

4. निर्देशानुसार निम्नलिखित वाक्यों को बदलिए।

(क) तू गया, तू ले गया । ( भविष्यत काल में) उत्तर: तू जाएगा, तू ले जाएगा ।

उत्तर: तू जाएगा, तू ले जाएगा।

(ख) मेरे मन का दुःख वह आकर मिटाएगा (भूतकाल में)

उत्तर: मेरे मन का दुःख उसने आकर मिटाया।

(ग) माँ काम छोड़कर आई और मुझे गोद में उठा लिया। ( वर्त्तमान काल में)

उत्तर: माँ काम छोड़कर आती है और मुझे गोद में उठा लेती है।

(घ) मैं बचपन को बुला रही थी। ( वर्तमान काल में)

उत्तर: मैं बचपन को बुला रही हूँ।

(ङ) मुझे खिलाने आई थी। (भविष्यत काल में)

उत्तर: मुझे खिलाने आएगी।